क्या आपके पास सोचने का समय नहीं है? TAGS: जीवनी | दर्शन | पुस्तक समीक्षा | विज्ञान | book review | feynman | hindi | noble laureate | science यह चिट्ठी रिचर्ड मिशेल फाइनमेन के द्वारा फिलिप्स फाइनमेन के पत्रों को संकलित कर प्रकाशित पुस्तक ‘डोन्ट यू हैव टाइम’ की समीक्षा है। This is book review of the book ‘Don’t you have time to think’ written by Michelle Feynman.
